#Kavita by Gayaprasad Rajat

भैया दौज मनाइये, कसम एक खाइये,

पावन पवित्र नाता,प्रेम से निभाइये।

भैंन बेटियों की लाज, लज्जित न हो समाज,

बस्त्र न हो तन आधे,यही समझाइये।

बहिन कहा है यदि, याद रखो बात यही,

कहके बहिन उसे, बीबी ना बनाइये।

पश्चिम की चकाचौंध,नाते नही देवे रौंद,

सदियों की थाती हैं ये, धूल ना चटाइये।

 

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