#Kavita By Sunil gupta

“प्यार”
“हर जीवन का हैं-साथी,
यही अधिकार-
मिले सबको भरपूर प्यार।
मधुमास छाये जीवन में,
देखे मीठे सपने-
सभी हो साकार।
पतझड़ हो जीवन में साथी,
फिर भी कभी-
मन छाये न विकार।
मृदु हो वाणी अपनी,
अपनत्व का हो-
पल-पल विस्तार।
खूशियाँ ही खुशियाँ हो जीवन में,
मिलता रहे-
अपनो का प्यार।
साथी-साथी हो अपना,
अपनो का रहे संग साथ-
मिले सबका भर -पूर प्यार।।”
\सुनील कुमार गुप्ता

One thought on “#Kavita By Sunil gupta

  • February 17, 2019 at 1:34 pm
    Permalink

    Weldon dear Gupta ji….

Leave a Reply

Your email address will not be published.