#Muktak by Annang Pal Singh

ज्यादा सोचो ,सुनो पर , कम  वोलो संसार  ।

सुना,पढ़ा,सोचा हुआ,लिखो सजाय विचार ।।

लिखो सजाय विचार,बाँटिये अपना अनुभव ।

जिससे ले ले सीख,आज से कल का मानव ।।

कह “अनंग”करजोरि,कीजिये खुद से  वादा  ।

बुरा न बोलो ,सुनो , बुरा मत  सोचो  ज्यादा ।।

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सम्भव होता असम्भव , अगर लगन मनमाहिं  ।

मानव को  संसार  में , कछू  असम्भव  नाहिं  ।।

कछू असम्भव नाहिं , लगन ,निष्ठा यदि मन में ।

आशा, दृढ़ संकल्प ,  सफलता  दे  जीवन में  ।।

कह “अनंग”करजोरि, कहूँ  मैं अपना अनुभव  ।

परिश्रम ,प्रेम ,सत्यनिष्ठा  से, सब कुछ  सम्भव ।।                        अनंग पाल सिंह

 

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