#Muktak by D M Gupta

मिलके तुझसे ये मौसम सुहावन लगे,

चंदा बादल में जैसे  लुभावन  लगे।

झूमता मन मयूरा होके मस्त मगन,

तुझ संग धूप सुनहरी भी सावन लगे।

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========कोशिश=======
मै केवल कोशिश करता हूँ धर्म मार्ग पर चलने का।
मै केवल कोशिश करता हूँ दुखियों के दुःख हरने का।
कोशिश केवल वही करो तुमसे सकल जहान हँसे
मै केवल कोशिश करता हूँ रवि की भांति निकलने का।

By-डी एम् गुप्ता “प्रीत”
कलम्बोली नवी मुंबई
मो. नं.9022580027

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